RBI Latest Update – बढ़ती महंगाई के बीच आम जनता की जेब पर अब और बोझ बढ़ने वाला है। दरअसल, 8 अप्रैल को भारतीय रिजर्व बैंक यानी आरबीआई ने नई मौद्रिक नीति समिति की बैठक की जिसमें उम्मीद थी कि रेपो रेट में बड़ा बदलाव होगा, जिससे लोन की ब्याज दरें कम होंगी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ है। आरबीआई ने रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया।
RBI ने किया महंगाई बढ़ौतरी का ऐलान –
भारतीय रिजर्व बैंक यानी RBI ने 8 अप्रैल बुधवार को मौद्रिक नीति समिति की बैठक की है, जिसमें रेपो रेट को 5.25% पर ही स्थिर रखा गया है। इसकी दरों में कोई बदलाव नहीं किया गया। इससे लोन की ब्याज दरों में भी कोई बदलाव नहीं हुआ है। आरबीआई (RBI) का अनुमान है कि 1 अप्रैल से शुरुआत वर्ष 2026-27 में देश की आर्थिक विकास दर 6.9% रहेगी। लेकिन, महंगाई भी 4.6% हो जाएगी, जो मौजूदा समय में 3% के आसपास है।
महंगाई दर में 5.2% की होगी बढ़ौतरी –
RBI ने अनुमान जताया कि अक्टूबर-दिसंबर तक महंगाई दर 5.2% तक पहुंचने का अनुमान है और इसके बाद यह धीरे-धीरे काम भी होने लगेगी। आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने एक नपा-तुला संदेश दिया। उन्होंने कहा कि हमारी नजरे अभी भी उस खतरे पर है, जो मौजूदा समय में मंडरा रहा है यानी वर्तमान में ईरान और अमेरिका के बीच युद्ध पर विराम लग गया है, लेकिन आगे के हालात पर उसकी नजर रहेगी।
ऐसे रहेगी महंगाई दर और विकास दर –
हाल ही में सामने आए नए आंकड़ों के अनुसार रिटेल महंगाई (Retail inflation rate) तीसरी तिमाही तक लगातार बढ़ सकती है। 2026-27 में महंगाई दर 4.6 प्रतिशत और विकास दर 6.9% रह सकती है। पहली तिमाही में महंगाई दर 4.0% और विकास दर 6.8% रह सकती है। इसके बाद दूसरी तिमाही में महंगाई दर 4.4% और विकास दर 6.7% तक रह सकती है। तीसरी में तिमाही में महंगाई दर 5.2% और विकास दर 7.0% तक रह सकती है। चौथी तिमाही में महंगाई 4.7% और विकास दर 7.2% तक जा सकती है।
4% से ज्यादा कमजोर हुआ रुपया –
2025-26 में रुपए में 4% से ज्यादा की गिरावट आई है। आरबीआई (RBI) ने कहा कि रुपए में आए इस बड़े उतार -चढ़ाव को रोकने के लिए उसका हस्तक्षेप जारी रहेगा।
छोटे-मोटे उद्योगों को राहत –
RBI ने छोटे उद्योगों को राहत दी है। दरअसल, क्रेडिट ग्रोथ 14% तक रहने का अनुमान है। बैंकों के बोर्ड स्तरीय नियम (Board level regulations of banks) आसन होंगे। छोटे-मोटे उद्योगों के लिए केवाईसी प्रक्रिया भी आसन होगी।
एल नीनो की चेतावनी –
एल नीनो (El Nino) नजरअंदाज करना मुश्किल है, खाद्य महंगाई पर सुपर एल नीनो के असर से महंगाई अगले 9 महीना में 5% से ऊपर जा सकती है।