rooftop solar scheme : लगातार बढ़ रहे बिजली बिल की वजह से लोगों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन अब बिजली बिल की टेंशन खत्म हो गई है, क्योंकि सोलर पैनल पर 78,000 रूपये तक की छूट मिल रही है। आइए जानते हैं सोलर पैनल लगवाने पर मिल रहे इस डिस्काउंट (Discount on solar panels) के बारे में विस्तार से।
बढ़ती महंगाई के इस दौर में लगातार बढ़ रहा बिजली बिल भी आम लोगों के लिए परेशानी बनता जा रहा है, लेकिन अब लोगों को बिजली बिल की समस्या से छुटकारा (problem of electricity bill) मिल जाएगा, क्योंकि अब घर की छत पर सोलर सिस्टम लगाने का शानदार अवसर मिल रहा है। आपको बता दे कि प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना (Pradhan Mantri Surya Ghar Yojana) के तहत उपभोक्ता को सरकारी सब्सिडी के साथ सोलर सिस्टम (Subsidy on solar panels) लगाने में भी मदद मिल रही है।
मिली जानकारी के मुताबिक पता चला है कि ऑन ग्रिड सोलर सिस्टम (on grid solar system) में 3 किलो वाट प्लांट की लागत लगभग 1 लाख 90 हजार रूपये आती है, जिस पर केंद्र सरकार (Central government) की तरफ से 78 हजार रुपए की सब्सिडी मिल रही है। 3 किलोवाट प्लांट वाला सोलर सिस्टम तकरीबन 300 यूनिट प्रति महीने की बिजली उत्पादन करता है। सरकार की इस योजना का उद्देश्य घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली बिल की समस्या (electricity bill problem) से छुटकारा दिलाना है।
लिथियम बैटरी भी उपलब्ध
लिथियम बैटरी वाले सोलर सिस्टम (Solar systems with lithium batteries) आजकल आसानी से मिल जाते हैं। हाइब्रिड सिस्टम में खास बात यह होती है कि इसमें बैटरी के साथ बिजली स्टोर की जा सकती है। इसका फायदा यह है कि अगर बिजली चली भी जाए, तो घर की लाइट और जरूरी चीजें बैटरी से चलती रहती हैं।
अगर लागत की बात करें, तो 2 किलोवाट हाइब्रिड सिस्टम पर लगभग 60 हजार रुपये तक सब्सिडी मिलती है। वहीं 3 किलोवाट हाइब्रिड सिस्टम की कीमत करीब 2.40 लाख से 2.70 लाख रुपये तक होती है। इसके अलावा 3 किलोवाट हाइब्रिड UPS और 5 किलोवाट लिथियम बैटरी वाले बड़े सिस्टम भी उपलब्ध हैं, जिनमें ज्यादा पावर के पैनल लगाए जाते हैं।
3 किलोवाट पर इतनी सब्सिडी
सरकार की इस नई योजना के तहत (new scheme of the government) 1 किलोवाट पर 30 हजार रुपये, 2 किलोवाट पर 60 हजार रुपये और 3 किलोवाट तक अधिकतम 78 हजार रुपये की सब्सिडी दी जाती है। यह सब्सिडी इंस्टॉलेशन के बाद सीधे आपके बैंक खाते में भेज दी जाती है, जिससे खर्च कम हो जाता है।
सोलर सिस्टम एक लंबी अवधि का निवेश (long term investment) है। इसकी औसत उम्र 20 से 25 साल तक होती है, जबकि लिथियम बैटरी करीब 10 साल तक चलती है। इससे आपको लंबे समय तक बिजली बिल में बचत होती है और साथ ही पर्यावरण को भी फायदा मिलता है।
इसलिए अगर आप बढ़ते बिजली बिल से परेशान (troubled by electricity bill) हैं, तो सोलर सिस्टम लगवाना एक अच्छा और समझदारी भरा कदम हो सकता है।