DA Arrear : केंद्र के लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स को एक बार फिर से झटका लगा है। कोविड काल के दौरान रोके गए महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत के एरियर को लेकर वित्त मंत्रालय की और से निराशा मिली है। खबर में जानिए इस मुद्दे पर वितमंत्रालय का क्या कहना है।
6 साल के इंतजार के बाद भी मिली निराशा
केंद्रीय कर्मचारी संगठनों की ओर से लगातार इसकी मांग उठाई जा रही थी। कर्मचारी पिछले 6 सालों से इंतजार कर रहे कर्मचारियों और पेंशनर्स को इस फैसले से निराशा हाथ लगी है। सरकार ने भी उनकी और कोई रूख नहीं किया। वितमंत्रालय ने एरिअर देने से साफ इंकारकर दिया है। जिससे केंद्रीय कर्माचारी संगठनों में काफी रोष है।
कोरोना काल में रोका गया था राहत और महंगाई भत्ता
वित्त मंत्रालय के व्यय विभाग के 15 अप्रैल 2026 को जारी पत्र में बताया कि कोविड-19 महामारी के दौरान आर्थिक दबाव को देखते हुए महंगाई भत्ता और राहत भत्ता (DA/DR) की तीन किस्तों को रोक दिया गया था। ये तीन किस्तें 1 जनवरी 2020, 1 जुलाई 2020 और 1 जनवरी 2021 से लागू होनी थीं। सरकार के मुताबिक उस समय महामारी के कारण अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर पड़ा था। स्वास्थ्य सेवाओं और राहत कार्यों पर भारी खर्च करना पड़ा, जिससे वित्तीय स्थिति पर दबाव बढ़ गया।
आर्थिक स्थिती प्रभावित होने का हवाला दिया
वित मंत्रालय की और से कहा गया कि महामारी का असर सिर्फ एक साल तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसके बाद भी आर्थिक स्थिति प्रभावित रही। ऐसे में रुकी हुई किस्तों का एरियर जारी करना व्यावहारिक नहीं है। मंत्रालय का यह जवाब डिफेंस रिकॉग्नाइज्ड एसोसिएशन की ओर से दायर आवेदन के जवाब में दिया गया।
अभी राहत मिलती नजर नहीं आ रही
वितमंत्रालय के जवाब और सरकार का अब का रूख को देखकर यह लग रहा हे कि कर्मचारियों और पेंशनर्स को एरियर को लेकर कोई राहत मिलने की संभावना नहीं है। केंद्रीय कर्मचारियों के संगठनों में इस वक्त रोष है जिससे आगे भी यह मुद्दा चलता नजर आ रहा है।